रांची:– राजधानी रांची के कांटाटोली स्थित बंगाली कॉलोनी से जुड़े एक विवाद को लेकर निशा भगत ने पुलिस से पूरे मामले की निष्पक्ष जांच की मांग की है। उन्होंने कहा कि किसी भी व्यक्ति या समूह की ओर से SC/ST Act के कथित दुरुपयोग का आरोप सामने आता है, तो उसकी भी कानूनसम्मत जांच होनी चाहिए।
निशा भगत ने झारखंड पुलिस से आग्रह किया कि मामले से जुड़े सभी आरोपों और तथ्यों की जांच की जाए। उनका कहना है कि यदि जांच में कोई संज्ञेय अपराध सामने आता है तो कानून के अनुसार FIR दर्ज कर दोषी पाए जाने वालों पर कार्रवाई होनी चाहिए।
उन्होंने आधी रात कुछ युवकों को थाना ले जाने और उन्हें बचाने के लिए कथित तौर पर लगाए गए आरोपों से जुड़े घटनाक्रम की भी जांच की मांग की। साथ ही, रात में किसी के घर पहुंचने, दरवाजा खटखटाने और कथित गाली-गलौज के आरोपों को भी जांच का विषय बताया।
निशा भगत ने कहा कि किसी लड़की, आदिवासी समाज या किसी धार्मिक समुदाय के बारे में जांच पूरी होने से पहले निष्कर्ष निकालना उचित नहीं है। उन्होंने कहा कि आदिवासी समाज को आपसी विवाद या धार्मिक राजनीति का हिस्सा बनाकर इस्तेमाल नहीं किया जाना चाहिए।
उन्होंने संबंधित युवकों के आधी रात घर पहुंचने के कारणों और वहां संचालित बताए जा रहे क्लाउड किचन/फूड डिलीवरी कारोबार से जुड़े दावों की भी जांच की मांग की।
इस पूरे मामले में सोशल मीडिया पर अलग-अलग दावे सामने आ रहे हैं। उपलब्ध रिपोर्टों में महिला की ओर से देर रात गाली-गलौज और SC/ST Act के तहत शिकायत की बात कही गई है, जबकि पुलिस की ओर से विस्तृत आधिकारिक प्रतिक्रिया/दस्तावेज की स्वतंत्र पुष्टि फिलहाल उपलब्ध नहीं है।
निशा भगत ने अंत में कहा कि मामले में सच्चाई सामने आनी चाहिए, निष्पक्ष जांच होनी चाहिए और कानून के अनुसार कार्रवाई की जानी चाहिए।


