
गुमला: झारखंड के गुमला जिले में पुलिस ने प्रतिबंधित संगठन JJMP के खिलाफ बड़ी कार्रवाई की है। पुलिस ने डुमरी थाना क्षेत्र के औरापाट जंगल में अभियान चलाकर संगठन के एक सब-जोनल मेंबर, एक एरिया कमांडर समेत कुल चार सदस्यों को गिरफ्तार किया है। गिरफ्तार सब-जोनल मेंबर रामदेव लोहरा पर झारखंड सरकार की ओर से 5 लाख रुपये का इनाम घोषित था।
पुलिस के अनुसार, 17 अगस्त 2026 को पुलिस अधीक्षक, गुमला को गुप्त सूचना मिली थी कि रामदेव लोहरा अपने दस्ते के सदस्यों के साथ डुमरी थाना क्षेत्र में JJMP को दोबारा सक्रिय करने और संगठन का विस्तार करने की कोशिश कर रहा है। सूचना के आधार पर अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी, चैनपुर श्रुति (IPS) के नेतृत्व में विशेष अभियान शुरू किया गया।
अभियान के दौरान पुलिस टीम ने औरापाट जंगल में घेराबंदी कर चार लोगों को गिरफ्तार किया।
गिरफ्तार आरोपियों में कौन-कौन शामिल?
पुलिस के मुताबिक गिरफ्तार आरोपियों की पहचान इस प्रकार हुई है—
रामदेव लोहरा — सब-जोनल मेंबर (SZM), JJMP, 5 लाख का इनामी
अरविन्द नायक — एरिया कमांडर, JJMP
मुनेश्वर सिंह — JJMP सदस्य
जितेंद्र लोहरा — JJMP सदस्य
पुलिस के अनुसार रामदेव लोहरा का पहले भी पीपुल्स वार संगठन और भाकपा (माओवादी) से जुड़ा आपराधिक इतिहास रहा है।
हथियार और अन्य सामान बरामद
पुलिस ने गिरफ्तार आरोपियों के पास से कई हथियार और अन्य सामग्री बरामद करने का दावा किया है। इनमें—
01 AK-56 राइफल और 02 मैगजीन
01 SLR राइफल और मैगजीन
01 सेमी-ऑटोमैटिक राइफल
कुल 146 जिंदा कारतूस
01 रेगुलर 7.65 एमएम पिस्टल
01 देसी कट्टा
01 वॉकी-टॉकी
09 मोबाइल फोन
02 Wi-Fi डोंगल
प्रतिबंधित JJMP/नक्सली पर्चे
01 मोटरसाइकिल
बरामदगी के अनुसार AK-56 के 88, SLR के 13, सेमी-ऑटोमैटिक राइफल के 39, 7.65 एमएम पिस्टल के 5 और देसी कट्टा का 1 जिंदा राउंड शामिल है।
पूछताछ में मिल सकती है अहम जानकारी
गिरफ्तार आरोपियों से पुलिस पूछताछ कर रही है। पुलिस का कहना है कि पूछताछ के आधार पर JJMP संगठन के अन्य सदस्यों, सहयोगियों और संगठन को दोबारा सक्रिय करने से जुड़ी गतिविधियों के बारे में महत्वपूर्ण जानकारी मिलने की संभावना है।
इस अभियान में चैनपुर की अनुमंडल पुलिस पदाधिकारी श्रुति (IPS), डुमरी थाना प्रभारी शशि प्रकाश समेत विभिन्न थानों के पुलिस पदाधिकारी और नक्सल क्यूआरटी टीम शामिल रही।
गुमला पुलिस ने कहा है कि जिले में सुरक्षा व्यवस्था को मजबूत बनाए रखने और आपराधिक गतिविधियों पर रोक लगाने के लिए अभियान लगातार जारी रहेगा


