
रांची। विश्व आदिवासी दिवस के अवसर पर मोरहाबादी मैदान में आयोजित आदिवासी महोत्सव के उद्घाटन कार्यक्रम में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन ने आंदोलनरत छात्रों और युवाओं को लेकर बड़ा बयान दिया।
मुख्यमंत्री ने कहा कि सरकार छात्रों की समस्याओं को गंभीरता से ले रही है। परीक्षाओं में जिन लोगों ने गड़बड़ी की है, उनके खिलाफ जांच के बाद कड़ी कार्रवाई और कठोर दंड दिया जाएगा। उन्होंने युवाओं से सरकार पर भरोसा बनाए रखने की अपील की।
हेमंत सोरेन ने कहा कि छात्रों की समस्याओं का समाधान लाठी, गोली या डंडे से नहीं, बल्कि बातचीत और संवाद से किया जाना चाहिए। लोकतंत्र में लोगों की आवाज को दबाने के बजाय उनकी बात सुनना जरूरी है।
मुख्यमंत्री ने युवाओं से अपील की कि वे राजनीतिक दलों की छत्रछाया से दूर रहकर अपनी समस्याएं सीधे सरकार तक पहुंचाएं। उन्होंने कहा कि सरकार आंदोलन कर रहे छात्रों के साथ-साथ घर बैठे युवाओं की बात भी सुनने के लिए नए माध्यम तैयार कर रही है।
सीएम ने भरोसा दिलाते हुए कहा कि “मेरे युवा साथियों के साथ पारदर्शिता के साथ न्याय होगा और न्याय होते हुए दिखाई भी देगा।”
उन्होंने कहा कि युवाओं की भावनाओं और चिंताओं को सरकार समझती है और छात्रों की जायज समस्याओं का समाधान संवाद के माध्यम से करने का प्रयास जारी रहेगा।


