
प्रधानमंत्री नरेंद्र मोदी ने शुक्रवार देर रात इंस्टाग्राम लाइव के जरिए देशवासियों को संबोधित करते हुए जंतर-मंतर प्रदर्शन के दौरान हुई अभद्र टिप्पणियों पर अपनी प्रतिक्रिया दी। उन्होंने कहा कि कुछ युवाओं ने उनके और उनकी दिवंगत माता के खिलाफ आपत्तिजनक भाषा का इस्तेमाल किया, लेकिन वह उन्हें माफ करना चाहते हैं।
प्रधानमंत्री ने कहा कि “गलतियां बच्चों से होती हैं और उन्हें सुधारने का अवसर मिलना चाहिए। कभी-कभी दांत जीभ को काट देता है और खून भी निकल आता है, लेकिन हम दांत नहीं तोड़ते। उसी तरह ये बच्चे भी हमारे हैं। इन्हें सजा देने के बजाय सही राह दिखाना हमारी जिम्मेदारी है।”
उन्होंने कहा कि समाज को गुमराह युवाओं को अपनाकर उन्हें सही दिशा देने का प्रयास करना चाहिए। पीएम मोदी ने युवाओं से अपनी गलतियों से सीखने, सकारात्मक सोच के साथ आगे बढ़ने और देश के विकास में योगदान देने की अपील की।
जंतर-मंतर प्रदर्शन से जुड़ा है मामला
यह बयान 23 जुलाई को दिल्ली के जंतर-मंतर पर नीट पेपर लीक के विरोध में हुए प्रदर्शन के बाद सामने आया है। प्रदर्शन के दौरान एक युवती का कथित आपत्तिजनक वीडियो सोशल मीडिया पर वायरल हुआ था। इस मामले में नोएडा में जीरो एफआईआर दर्ज की गई थी और घटना को लेकर सोशल मीडिया पर व्यापक बहस भी हुई।प्रधानमंत्री के इस संदेश को उसी घटना के संदर्भ में देखा जा रहा है, जिसमें उन्होंने सजा के बजाय संवाद, सुधार और मार्गदर्शन पर जोर दिया।

