रांची: सरायकेला-खरसावां जिले के गम्हरिया थाना परिसर में न्याय की गुहार लेकर पहुंची महिला के साथ दुष्कर्म के मामले को लेकर झारखंड की राजनीति गरमा गई है। झारखंड सरकार की पूर्व मंत्री और कोडरमा विधायक डॉ. नीरा यादव ने इस घटना को लेकर हेमंत सोरेन सरकार पर निशाना साधा है। उन्होंने राज्य की कानून-व्यवस्था पर सवाल उठाते हुए मुख्यमंत्री से जवाबदेही तय करने की मांग की है।
रविवार को भाजपा प्रदेश कार्यालय में आयोजित प्रेस वार्ता में डॉ. नीरा यादव ने कहा कि यह घटना केवल एक महिला के साथ हुआ अपराध नहीं है, बल्कि पुलिस व्यवस्था और राज्य सरकार की जवाबदेही पर भी गंभीर सवाल खड़े करती है। उन्होंने कहा कि जिस पुलिस पर लोगों की सुरक्षा की जिम्मेदारी है, उसी विभाग के एक कर्मी पर इस तरह का आरोप लगना बेहद गंभीर मामला है।
मुख्यमंत्री से की जवाबदेही तय करने की मांग
डॉ. नीरा यादव ने कहा कि राज्य सरकार सबसे पहले पीड़िता को जल्द न्याय दिलाने की व्यवस्था करे। मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन को बताना चाहिए कि राज्य में कानून-व्यवस्था को कैसे मजबूत किया जाएगा। उन्होंने कहा कि जब तक अपराधियों में कानून का डर नहीं होगा और दोषियों के खिलाफ सख्त कार्रवाई नहीं होगी, तब तक अपराध पर नियंत्रण मुश्किल है।
उन्होंने आरोप लगाया कि हेमंत सरकार के कार्यकाल में महिलाएं खुद को सुरक्षित महसूस नहीं कर रही हैं। घर से लेकर थाने तक महिलाओं की सुरक्षा को लेकर सवाल खड़े हो रहे हैं।
रविवार को 595 मंडलों में होगा पुतला दहन
भाजपा विधायक ने घोषणा की कि इस घटना के विरोध में रविवार शाम राज्य के सभी 595 सांगठनिक मंडलों में मुख्यमंत्री हेमंत सोरेन का पुतला दहन किया जाएगा। उन्होंने कहा कि इस घटना को लेकर महिलाओं में आक्रोश है और भाजपा पीड़िता को न्याय दिलाने की मांग कर रही है।
महिला आयोग के खाली पद पर भी उठाए सवाल
नीरा यादव ने राज्य महिला आयोग के लंबे समय से खाली पद का मुद्दा भी उठाया। उन्होंने कहा कि छह वर्षों से अधिक समय से महिला आयोग में अध्यक्ष का पद खाली है। उनके अनुसार, राज्य में महिलाओं के खिलाफ अपराध की घटनाएं सरकार की कार्यशैली पर सवाल खड़े कर रही हैं।
उन्होंने राज्य में दुष्कर्म, हत्या, नशे के कारोबार और गोलीबारी की घटनाओं को लेकर भी सरकार की आलोचना की। साथ ही घुसपैठ के मुद्दे पर भी राज्य सरकार को घेरा।
सामाजिक सुरक्षा और कानून-व्यवस्था पर जताई चिंता
पूर्व मंत्री ने कहा कि झारखंड में पहले सामाजिक सौहार्द और आपसी विश्वास की पहचान रही है, लेकिन मौजूदा हालात को लेकर लोगों के मन में चिंता बढ़ रही है। उन्होंने राज्य सरकार से कानून-व्यवस्था सुधारने और महिलाओं की सुरक्षा सुनिश्चित करने की मांग की।
प्रेस वार्ता में भाजपा महिला मोर्चा की प्रदेश अध्यक्ष सीमा सिंह और प्रदेश प्रवक्ता राफिया नाज भी मौजूद थीं।


